भूकंप के झटके से हिली बैंकाक व म्यांमार की धरती

दोनों झटकों में तीव्रता 7.7 और 6.4 मापी गई, जिससे बैंकाक में निर्माणाधीन भवन और पुल गिरा

बैंकॉक में कई इमारतें खाली कराई गईं, जोदार भूकंप के कारण अभी भी लोग है घर से बाहर
एनई न्यूज भारत, थाईलैंड/सिलीगुड़ी
शुक्रवार को म्यांमार और थाईलैंड में भूकंप के तगड़े झटके महसूस किए गए। म्यांमार में भूकंप की तीव्रता 7.2 मापी गई, तो बैंकॉक में 7.7 तीव्रता रही। जिसके कारण बैंकॉक में भारी नुकसान हुआ है और अभी भी लोग घरों से बाहर हैं। जबकि बैंकाक से हैरान करने वाले वीडियो  सामने आए हैं। जिसमें एक निर्माणाधीन मकान ध्ववस्ते होग गया और कई मकानों में दरार हो गई है। जबकि भूकंप के झटके चीन के शहरों में भी महसूस हुए हैं। हालांकि भारत में भी अरूणांचल प्रदेश में भूकंप के हल्केी झटके महसूस किया गया।

फोटो में बैंकाक में भूकंप से एक मकान में पड़ी दरार, जमीदोंज होता एक निर्माधीन टावर

जबकि बैंकॉक में 7.7 तीव्रता भूकंप के झटके महसूस करने के बाद लोग सड़कों पर भागते दिख रहे हैं। एक बहुमंजिला इमारत के स्विमिंग पूल से पानी नीचे गिरते हुए भी देखा गया है। बैंकॉक में एक निर्माणाधीन इमारत के जमींदोज होने की वीडियो भी सामने आया है। मालूम हो कि शुक्रवार को दो जोरदार भूकंप के झटकों से धरती कांप उठी। भूकंप के इस झटके इतने जबरदस्त थे कि थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में भी इन्हें महसूस किया गया। आसपास के देशों में भी इसका असर देखने को मिला। हालांकि भूकंप का केंद्र म्यांमार का Sagaing रहा। जिसके कारण भूकंप के झटकों की वजह से म्यांमार के मांडलेय में इरावडी नदी पर कथित तौर पर लोकप्रिय एवा ब्रिज (Ava Bridge) ढह गया। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के मुताबिक, रिक्टर पैमाने पर भूकंप के पहले झटके की तीव्रता 7.2 जबकि दूसरे की 7.0 रही।
भूकंप का आसपास के देशों में रहा असर

तीव्रता 7.2  और क्रमश: 7.0 भूकंप की तीव्रता अधिक होने के कारण म्यामांर के आसपास के देशों में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। राजधानी दिल्ली और इससे सटे एनसीआर के इलाकों में भी भूकंप की सूचना है। हालांकि अभी भारत में भी झटके महसूस होने की पुष्टि होना बाकी है। भारत में कहीं जान-माल के नुकसान की खबर नहीं है, लेकिन आशंका जताई जा रही है कि तीव्रता अधिक होने के कारण म्यांमार में नुकसान हो सकता है। भूकंप के झटके महसूस होने के बाद लोग दहशत में आ गए। अधिकांश घर और दफ्तरों से बाहर निकलकर सुरक्षित स्थानों पर आ गए।

भूकंप से बैंकाक में जमीदोंज होता निर्माधीन मकान, गिरे मकान से उठता धूल का गुबार व उसका मलवा और एक टावर से भूकंप के दौरान गिरता पानी