तोड़-फोड़ से अस्पताल का हुआ काफी नुकसान, एनजेपी थाना में दर्ज हुई प्राथमिकी
हालत गंभीर होने पर हैदराबाद के एआईजी हास्पिटल के अलावा सिलीगुडी निजी अस्पतालों ने भर्ती से किया था इंकार
एनई न्यूज भारत, सिलीगुड़ी
सिलीगुड़ी के महाराजा अग्रसेन मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल, फुलबाड़ी में बुधवार की रात हैदराबाद के एआईजी हास्पिटल ने मरीज की हालत गंभीर होने बाद वापस करने व सिलीगुड़ी के कई नर्सिंग होम ने मरीज की गंभीर हालत को देखते हुए भर्ती नहीं लिया। लेकिन पीडि़त मानवता की सेवा को देखते हुए और मरीज के परिजनों के विनय पर महाराजा अग्रसेन मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल ने मरीज को भर्ती तो किया और मरीज की स्थिति से अवगत कराया गया था। लेकिन बुधवार की रात मरीज की मौत के बाद महाराजा अग्रसेन मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल में दंगाईयों की तरह तोड़फोड कर तहस-नहस कर दिया गया। हालांकि इस मामले को लेकर न्यूफ जलपाईगुड़ी थाने में मामला दर्ज कराया गया है।
नियमानुसार होगी कार्रवाई: राकेश सिंह
सिलीगुडी मेट्रोपॉलिटन पुलिस के डीसीपी इस्ट राकेश सिंह ने कहा कि जिन लोगों ने कानून को अपने हाथ में लिया है उनके खिलाफ कार्रवाई की जायेगी। उन्होने बताया कि अगर किसी भी नर्सिंग होम में डाक्टार की लापरवाही के कारण किसी मरीज की मौत होती है। उसके लिए कई कानून बनाये गए हैं, लेकिन अगर कोई भी कानून को हाथ में लेकर खुद फैसला करेगा तो कार्रवाई तय है। इस मामले में भी नियमानुसार कार्रवाई की जायेगी और इसके साथ ही पुलिस सीसीटीबी फुटेज लेकर जांच कर रही है।
क्या है पूरा मामला
जलपाईगुड़ी जिले के सन्याासी काट के सीपीएम की सदस्या पंचायत के पति शौकत अली कई घातक बिमारियों से पहले से जूझ रहा था। हालांकि उसका ईलाज पहले से हैदराबाद के एआईजी हास्पिटल में चल हरा था। तबियत काफी खराब होने पर बीत 7 मार्च 25 को वह हैदराबाद के एआईजी हास्पिटल में ओपीडी में भर्ती हुए। जांच के दौरान उन्हेंा हाई ब्लीडप्रेसर, ब्लडड शुगर प्रोस्टीकक जैसी कई घातक बिमारियों से जूझ रहे थे। उनकी हालत खराब होने पर हैदराबाद के एआईजी हास्पिटल ने एक आपरेशन करने की बात कही तो परिजनों ने शौकत अली को अपने रिस्कप पर डिस्चातर्ज कर 11 मार्च का अपने घर पहुंचे।
इसके बाद हालत खराब होने पर 17 मार्च 25 को सिलीगुड़ी के निजी नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया। जहां जांच के बाद मरीज की स्थिति का पता चला तो दो दिन बाद जवाब दे दिया गया। हालांकि इसके बाद सीपीएम के एक बड़े नेता के कहने सिलीगुड़ी के कई बड़े निजी अस्पएतालों में भर्ती कराने की बात कही, लेकिन स्थिति गंभीर होने के बाद किसी ने नहीं लिया। इसके बाद उनके परिजन 20 मार्च 25 को महाराजा अग्रसेन मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल, फुलबाड़ी में पहुंचे जहां आग्रह कर इलाज करने को कहा। हालांकि अस्प ताल में डाक्ट5रों की टीम मरीज की स्थिति से अवगत कराया था, बावजूद इसके पीडि़त मानवता की सेवा की मिशाल पेश किया। महाराजा अग्रसेन मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल के डाक्ट रों के अथक प्रयास के बाद बुधवार की देर रात रोगी शौकत अली की मौत हो गई। मौत की खबर सुनते ही महाराजा अग्रसेन मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल, फुलबाड़ी पर दंगाईयों की तरह लोग टूट पड़े और बुरी तरह से तोड़-फोड़ किया। उनसे बाद वहां भर्ती मरीजों में भय हो गया। घटना की सूचना मिलते पहुंची पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित किया।
कौन थे सैकड़ों की संख्या में तोड़-फोड़ करने वाले…?
तोड़-फोड़ की घटना के बाद रोगी के पिता जशीमद्दीन ने एक तरफ जहां अफसोस जताया तो वहीं दूसरी ओर तोड़-फोड़ करने के संबंध में कहा हम नहीं जानते हैं कौन है। इसके साथ ही तोड़-फोड़ करने वाले कौन है पता नहीं। बावजूद इसके सवाल यह उठता है कि 20 मार्च 25 को भर्ती होने के बाद रोजाना अस्प ताल परिसर में सैकड़ों की संख्याा में कौन लोग रहते थे? यह सबसे बडा सवाल है।